Home न्यूज़ भाजपा ने जेडीएस विधायकों को 100 करोड़ की पेशकश की : कुमारस्वामी

भाजपा ने जेडीएस विधायकों को 100 करोड़ की पेशकश की : कुमारस्वामी

SHARE

बेंगलुरु : जनता दल-सेक्युलर (जेडीएस) नेता एच.डी. कुमारस्वामी ने बुधवार को आरोप लगाया कि कर्नाटक में सरकार बनाने के लिए बेकरार भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने जेडीएस के नव निर्वाचित विधायकों को 100 करोड़ रुपये और कैबिनेट पद देने की पेशकश की है।

जेडीएस के विधायकों की एक बैठक के बाद पूर्व मुख्यमंत्री कुमारस्वामी ने एक प्रेस कांफ्रेंस में आरोप लगाया, हमारे विधायकों को समर्थन के बदले भाजपा द्वारा 100 करोड़ रुपये और मंत्रिमंडल में पद देने की पेशकश की गई है। अब आयकर अधिकारी कहां हैं?

जेडीएस नेता ने भाजपा की तरफ से कथित पेशकश के मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व भाजपा अध्यक्ष अमित शाह का नाम लिया।

उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार बनाने को बेताब है और वह जेडीएस को कांग्रेस के समर्थन से सरकार नहीं बनाने देना चाहती।

कांग्रेस ने कर्नाटक में सरकार बनाने के लिए जेडीएस को समर्थन देने का ऐलान किया हुआ है। पार्टी ने कहा है कि वह कुमारस्वामी के मुख्यमंत्री बनने में समर्थन देगी।

कुमारस्वामी ने आरोप लगाया, हमारे विधायकों को तोड़ने की भाजपा की कोशिश उसी पर भारी पड़ेगी क्योंकि क्योंकि भाजपा में भी लोग हैं जो जेडीएस को समर्थन देने के लिए भाजपा छोड़ना चाहते हैं।

उन्होंने कहा कि जेडीएस और कांग्रेस के पास सरकार बनाने के लिए आवश्यक बहुमत है।

उन्होंने कहा, हम बुधवार की शाम को राज्यपाल से फिर मिलेंगे और उनसे हमें सरकार बनाने के लिए अवसर देने का आग्रह करेंगे क्योंकि हमारे पास विधायकों का बहुमत है।

पार्टी के राज्य अध्यक्ष ने इस बार अपने पिता जेडीएस सुप्रीमो व पूर्व प्रधानमंत्री एच.डी.देवेगौड़ा को आहत नहीं करने को लेकर भाजपा के साथ गठबंधन करने से इनकार किया है।

उन्होंने कहा, भाजपा से पहले किया गया गठबंधन मेरे पिता के राजनीतिक जीवन पर काला धब्बा है। इसलिए मैं कांग्रेस के साथ जा रहा हूं।

कुमारस्वामी फरवरी 2006 में भाजपा के समर्थन से पहली गठबंधन सरकार के मुख्यमंत्री बने थे। वह बीस महीने मुख्यमंत्री रहे थे। उसके बाद गठबंधन टूट गया ता और राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाना पड़ा था।

कुमारस्वामी ने भाजपा पर विपक्षी नेताओं को निशाना बनाने के लिए केंद्र सरकार की मशीनरी का उपयोग करने का आरोप लगाया और कहा कि उन्होंने किसी भी भाजपा नेता से मुलाकात नहीं की है।

कुमारस्वामी ने यह स्वीकार किया कि भाजपा और कांग्रेस के कई नव निर्वाचित विधायक सरकार गठन को लेकर उनके संपर्क में हैं।

कुमारस्वामी ने नई सरकार बनाने के लिए कांग्रेस के बिना शर्त समर्थन पर सहमति जताई।

उन्होंने कहा, मैं मुख्यमंत्री पद के लिए (कांग्रेस के समर्थन के) प्रस्ताव को स्वीकार करने के लिए सहमत नहीं हुआ हूं बल्कि यह राज्य के हितों की रक्षा के लिए है।

कर्नाटक में बीते शनिवार को हुए विधानसभा चुनावों में त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति बनी है। भाजपा राज्य में सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी है, लेकिन बहुमत के जादुई आंकड़े को हासिल नहीं कर सकी। कांग्रेस व जेडीएस क्रमश: दूसरे व तीसरे नंबर की पार्टियां बनी हैं जिनके पास कुल मिलाकर सरकार बनाने लायक बहुमत है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here