आरटीआई कार्यकर्ता एसोसिएशन का राष्ट्रीय अधिवेशन सम्पन्न, राजीव वार्ष्णेय बने प्रदेश महामंत्री
आरटीआई कार्यकर्ता एसोसिएशन का राष्ट्रीय अधिवेशन सम्पन्न, राजीव वार्ष्णेय बने प्रदेश महामंत्री
सिकंदराराऊ, हाथरस। सूचना के अधिकार के माध्यम से पारदर्शिता और जवाबदेही को मजबूत करने के उद्देश्य से सूचना का अधिकार कार्यकर्ता एसोसिएशन (पंजीकृत) का भव्य राष्ट्रीय अधिवेशन शनिवार को जीटी रोड स्थित अमोल चंद पब्लिक स्कूल में आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष राजीव वार्ष्णेय ने की। अधिवेशन में प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर के पदाधिकारियों के साथ बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने सहभागिता की।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। अधिवेशन के दौरान राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट अशोक शुक्ला की संस्तुति पर प्रदेश अध्यक्ष राजेश चतुर्वेदी ने हाथरस के जिला अध्यक्ष राजीव वार्ष्णेय को प्रदेश महामंत्री मनोनीत किए जाने की घोषणा की। घोषणा के बाद कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया।
राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट अशोक शुक्ला ने कहा कि सूचना का अधिकार कानून के तहत मांगी गई सूचनाओं के समय से उपलब्ध नहीं होने और गलत अथवा अधूरी जानकारी मिलने की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि संगठन आरटीआई के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान चला रहा है और जल्द ही राज्यपाल से मुलाकात की जाएगी।
मुख्य वक्ता कमरान उद्दीन सिद्दीकी ने भ्रष्टाचार को गंभीर समस्या बताते हुए आरटीआई कार्यकर्ताओं की सुरक्षा और सुविधाओं से जुड़ी मांगें उठाईं। उन्होंने आरटीआई कार्यकर्ताओं को पांच लाख रुपये तक के निःशुल्क आयुष्मान उपचार कार्ड तथा आत्मरक्षा के लिए शस्त्र लाइसेंस उपलब्ध कराने की मांग रखी।
प्रदेश अध्यक्ष राजेश चतुर्वेदी ने कहा कि सूचना का अधिकार कानून आम नागरिकों को सरकारी विभागों से सूचना प्राप्त करने का अधिकार देता है, लेकिन इसके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए अधिकारियों की जवाबदेही सुनिश्चित करना जरूरी है। मुख्य अतिथि देवेंद्र सिंह राघव ने भी आरटीआई कानून के महत्व पर प्रकाश डाला।
मार्गदर्शक विपिन वार्ष्णेय ने कहा कि कानून का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होगा, जब लोगों को मांगी गई सटीक और सही सूचना उपलब्ध हो।
नवनियुक्त प्रदेश महामंत्री राजीव वार्ष्णेय ने कहा कि जन सूचना अधिकारियों द्वारा कई मामलों में भ्रामक या गलत सूचनाएं दिए जाने की शिकायतें मिलती हैं। उन्होंने कहा कि गलत निस्तारण के मामलों को लेकर संगठन कानूनी स्तर पर लड़ाई लड़ेगा। साथ ही उन्होंने उत्तर प्रदेश में आरटीआई के लिए ऑनलाइन शुल्क भुगतान की सुविधा लागू करने की मांग भी उठाई।
कार्यक्रम का संचालन चंद्रगुप्त विक्रमादित्य ने किया। इस दौरान राजेंद्र वार्ष्णेय, अभिषेक अवस्थी, किशन लाल यादव समेत पीयूष यादव, नरेंद्र गौतम, जयपाल सिंह चौहान, अशोक जादौन, बबलू सिसोदिया, सोनू चौहान, विष्णु वार्ष्णेय, दाऊ दयाल वार्ष्णेय, मीरा माहेश्वरी सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।
